मंकी पॉक्स को लेकर उत्तराखंड मे अलर्ट, स्वास्थ्य विभाग ने दिए एहतियात बरतने के निर्देश
मंकी पॉक्स को लेकर स्वास्थ्य महकमा अलर्ट हो गया है। स्वास्थ्य विभाग ने सभी सीएमओ को निगरानी और एहतियात बरतने के निर्देश दिए हैं। हालांकि अभी तक प्रदेश में मंकी पॉक्स का कोई मामला सामने नहीं आया है।स्वास्थ्य महानिदेशक डॉ. तारा आर्य ने कहा कि मंकी पॉक्स एक वायरल संक्रमण है। जो एक रोगी से दूसरे में फैलता है। अफ्रीका व अन्य देशों की यात्रा करने वाले लोगाें की निगरानी की जाए। मरीज में संक्रमण के लक्षण दिखाई देने पर तत्काल जांच कर उसको आइसोलेट किया जाए।
एसजीआरआर मेडिकल काॅलेज सीएमई में विशेषज्ञों ने एडवांस सेमुलेशन तकनीक से दी ट्रेनिंग
बता दें मंकी पॉक्स को लेकर उत्तराखंड में स्वास्थ्य महकमा अलर्ट हो चुका है। जिसके चलते स्वास्थ्य विभाग ने सभी सीएमओ को निगरानी और एहतियात बरतने के निर्देश दिए हैं। हालांकि अभी तक प्रदेश में मंकी पॉक्स का एक भी मामला सामने नहीं आया है लेकिन लोगों को जागरूक करना आवश्यक है।
एसजीआरआर मेडिकल काॅलेज सीएमई में विशेषज्ञों ने एडवांस सेमुलेशन तकनीक से दी ट्रेनिंग
स्वास्थ्य महानिदेशक डॉक्टर तारा आर्य ने कहा कि मंकी पॉक्स एक वायरल संक्रमण है जो एक रोगी से दूसरे रोगी में फैलता है जिसके लक्षण बुखार, सिर दर्द मांसपेशियों में दर्द , पीठ में दर्द और शरीर में दाने उठना है। उन्होंने कहा कि अफ्रीका व अन्य देशों की यात्रा करने वाले लोगों की निगरानी की जाए और यदि मरीज में संक्रमण के लक्षण दिखाई देते हैं तो उन्हें तत्काल जांच कर आइसोलेट किया जाए। बताते चलें 2022 से अब तक भारत में मंकी पॉक्स के कुल 30 से अधिक मामले सामने आए हैं जिसमें आखिरी मामला मार्च 2024 में सामने आया था जबकि भारत में मंकी पॉक्स का पहला मामला जुलाई 2022 में सामने आया था। विश्व स्वास्थ्य संगठन की रिपोर्ट के मुताबिक वर्ष 2022 से अब तक दुनिया भर के 116 देशों में मंकी पॉक्स के कुल 99,176 मामले सामने आ चुके हैं जिनमें 208 लोगों की मौत तक हो चुकी है।

More Stories
पत्रकारों ने देखा 1971 युद्ध का गवाह INS कुरसुरा, समुद्र के नीचे की वीरगाथा
26 जनवरी को शराब की तलब लगी तो तोड़ दिया शराब की दुकान का ताला
उत्तराखंड कैबिनेट में 8 बड़े प्रस्तावों को मंजूरी, चिकित्सा शिक्षा से लेकर ग्रीन हाइड्रोजन नीति तक अहम फैसले